अनक्लेम्ड संपत्ति अभियान: 1.84 लाख करोड़ हकदारों तक पहुंचाएं
Unclaimed assets: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने एक महत्वपूर्ण जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि 1.84 लाख करोड़ रुपये की वित्तीय संपत्ति बिना दावे के पड़ी है। यह राशि बैंकों और नियामकों के पास जमा है। गांधीनगर, गुजरात से उन्होंने ‘आपकी पूंजी, आपका अधिकार’ अभियान शुरू किया। उन्होंने अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने को कहा। यह राशि सही हकदारों तक अवश्य पहुंचनी चाहिए।
‘3-A’ फॉर्मूला क्या है?
वित्त मंत्री ने अधिकारियों से तीन ‘ए’ पर काम करने की अपील की। यह अनक्लेम्ड संपत्ति वापस दिलाने का एक तरीका है।
- जागरूकता (Awareness):
- अधिकारियों को जागरूकता फैलानी होगी।
- लोगों को बताना होगा कि उनका पैसा कहाँ पड़ा है।
- दस्तावेज के साथ आकर दावा करने को कहें।
- पहुंच (Access):
- आरबीआई के UDGAM पोर्टल से पहुंच प्रदान की जाएगी।
- बैंकों द्वारा बनाए गए स्टॉल भी मदद करेंगे।
- कार्यवाही (Action):
- अधिकारियों को छोटे कागज़ों पर भी कार्रवाई करनी होगी।
- दस्तावेज़ों की जांच कर पैसा वापस करें।
यह एकजुट प्रयास अभियान को सफल बनाएगा।
UDGAM पोर्टल और दावा करने का तरीका
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने इस उद्देश्य के लिए UDGAM पोर्टल बनाया है।
- खोज: लोग इस पोर्टल के जरिए अनक्लेम्ड जमा राशि का पता लगा सकते हैं।
- पंजीकरण: उन्हें अपने दस्तावेज ढूंढकर पोर्टल पर पंजीकरण कराना होगा।
- सहायता: अधिकारियों को लोगों में जागरूकता फैलानी होगी।
- वापसी: पोर्टल या बैंक स्टॉल के माध्यम से संपत्ति वापस मिलेगी।
यह प्रक्रिया दावा करने को आसान बनाती है।
Unclaimed assets: अनक्लेम्ड राशि का सुरक्षित भविष्य
वित्त मंत्री ने बताया कि अनक्लेम्ड राशि पूरी तरह सुरक्षित है।
- सुरक्षा: यह राशि बैंक, आरबीआई या IEPF में जमा है।
- स्थानांतरण: लंबे समय तक दावा न किए जाने पर राशि ट्रांसफर होती है।
- दस्तावेज़: उचित दस्तावेज पेश करने पर इसे लिया जा सकता है।
- सराहना: उन्होंने गुजरात ग्रामीण बैंक की पहल की सराहना की।
बैंक अधिकारी असली मालिकों की तलाश करेंगे।




